UP News: उत्तर प्रदेश में लगातार बारिश से गंगा और घाघरा समेत 6 नदियां खतरे के निशान के करीब बह रही हैं. 13 जिलों में बाढ़ जैसे हालात हैं. लखनऊ-बाराबंकी समेत 5 शहरों में शनिवार सुबह से रुक-रुककर बारिश हो रही है. वाराणसी में सभी 84 घाट डूब गए हैं. मणिकर्णिका घाट की छत पर अंतिम संस्कार हो रहा है. दशाश्वमेध घाट की गंगा आरती भी छत पर कराई जा रही है.
प्रयागराज में गंगा और यमुना दोनों नदियां उफान पर हैं. रिवर फ्रंट रोड पूरी तरह डूब गई है. निचले इलाकों में भी जलभराव की स्थिति बनी हुई है. दारागंज, करेली और सलोरी में घरों के अंदर करीब तीन फीट तक पानी भर गया है. हालात को देखते हुए 2 हजार से ज्यादा छात्रों ने हॉस्टल खाली कर दिए हैं.
चित्रकूट में तेज बारिश के कारण नदियां उफान पर हैं. बढ़ता जलस्तर अब लोगों के लिए आफत बन गया है. मंदाकिनी नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है. वहीं मानिकपुर क्षेत्र के चमरौहां गांव के पास बने रपटे के ऊपर से बरदहा नदी का पानी बह रहा है, जिससे करीब 11 दिनों से लगभग आधा दर्जन गांवों का मुख्यालय से संपर्क बाधित है.
कानपुर में गंगा नदी के जलस्तर में हो रही लगातार वृद्धि के कारण इससे जुड़ी पांडु नदी का जलस्तर भी तेजी से बढ़ गया है. नदी का पानी उफान पर आने से कानपुर साउथ के बर्रा-8 इलाके की कच्ची बस्तियों में बाढ़ जैसे हालात पैदा हो गए हैं. घरों में भारी जलभराव के चलते कई परिवारों को आशियाना छोड़ने पर मजबूर होना पड़ रहा.
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